खेल महाकुंभ का आगाज: नेहरू पर्वतारोहण संस्थान में राज्य स्तरीय स्पीड क्लाइंबिंग प्रतियोगिता शुरू

उत्तरकाशी। खेल महाकुंभ मुख्यमंत्री चैम्पियनशिप ट्रॉफी-2026 के अंतर्गत शुक्रवार को उत्तरकाशी स्थित नेहरू पर्वतारोहण संस्थान (NIM) में राज्य स्तरीय स्पीड क्लाइंबिंग प्रतियोगिता का भव्य शुभारंभ हुआ। तीन दिवसीय इस प्रतियोगिता में विभिन्न आयुवर्गों के खिलाड़ी अपनी गति, एकाग्रता, अनुशासन और शारीरिक क्षमता का प्रदर्शन कर रहे हैं।


प्रतियोगिता का संयुक्त रूप से शुभारंभ भाजपा जिलाध्यक्ष नागेंद्र चौहान, जिलाधिकारी प्रशांत आर्य और नेहरू पर्वतारोहण संस्थान के प्रधानाचार्य एसएस राजपुरोहित ने किया। खेल महाकुंभ के तहत पहली बार जनपद उत्तरकाशी में राज्य स्तरीय स्पीड क्लाइंबिंग प्रतियोगिता आयोजित किए जाने को जिले के खेल जगत के लिए महत्वपूर्ण अवसर बताया गया।
 रफ्तार के साथ एकाग्रता और अनुशासन की परीक्षा


प्रतियोगिता में अंडर-14 एवं अंडर-19 आयुवर्ग के बालक-बालिकाओं के साथ 20 से 25 वर्ष आयुवर्ग की ओपन महिला प्रतिभागी हिस्सा ले रही हैं। स्पीड क्लाइंबिंग जैसे चुनौतीपूर्ण खेल में खिलाड़ियों को कम समय में ऊंचाई तय करने के साथ संतुलन, तकनीक और मानसिक एकाग्रता का परिचय देना होता है।
शुभारंभ अवसर पर भाजपा जिलाध्यक्ष नागेंद्र चौहान ने कहा कि खेल महाकुंभ के अंतर्गत पहली बार उत्तरकाशी में राज्य स्तरीय प्रतियोगिता का आयोजन होना जिले के लिए महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि स्पीड क्लाइंबिंग में केवल शारीरिक क्षमता ही नहीं, बल्कि अनुशासन, एकाग्रता और आत्मविश्वास भी अहम भूमिका निभाते हैं।
“अगले कदम पर रखें नजर, गिरने से न डरें और खुद से करें मुकाबला”

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जिलाधिकारी प्रशांत आर्य ने खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन करते हुए कहा कि स्पीड क्लाइंबिंग केवल एक खेल प्रतियोगिता नहीं, बल्कि फोकस, मानसिक मजबूती, एकाग्रता और सेकंड के सौवें हिस्से में सही निर्णय लेने की क्षमता की परीक्षा है।
उन्होंने इस खेल से मिलने वाली तीन महत्वपूर्ण सीख साझा करते हुए कहा कि पहली—नजर हमेशा अगले कदम पर रखें, दूसरी—गिरने से कभी न डरें और तीसरी—अपना मुकाबला दूसरों से नहीं, बल्कि खुद से करें।
जिलाधिकारी ने कहा कि प्रतियोगिता को बेहतर और सार्थक बनाना खिलाड़ियों के हाथ में है। उन्होंने प्रतिभागियों का मनोबल बढ़ाते हुए कहा कि इस खेल में हिस्सा लेने वाला हर खिलाड़ी विजेता है। असली जीत केवल पदक हासिल करने में नहीं, बल्कि ऊंची दीवार को देखकर उसे फतह करने के लिए पहला कदम उठाने के साहस में है।
 ओलंपिक स्तर का खेल, उत्तराखंड में अपार संभावनाएं
नेहरू पर्वतारोहण संस्थान के प्रधानाचार्य एसएस राजपुरोहित ने प्रतिभागियों को संबोधित करते हुए स्पीड क्लाइंबिंग को ओलंपिक स्तर का खेल बताया। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड में इस खेल के विकास और खिलाड़ियों की प्रतिभा को निखारने की बेहतर संभावनाएं हैं। ऐसे आयोजन युवाओं को अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने और खेल के क्षेत्र में आगे बढ़ने का अवसर प्रदान करते हैं।

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कार्यक्रम में जिला युवा कल्याण अधिकारी विजय प्रताप, क्षेत्रीय युवा कल्याण अधिकारी आदर्श पंत, संदीप राणा, प्रवेश पैन्यूली, लोकेन्द्र नेगी, व्यायाम प्रशिक्षक सचिन रावत, निर्णायक अजय नौटियाल, खेल प्रशिक्षक अमित राणा, चन्द्रमोहन, सुनील गुसाईं, शीला पंवार, संगीता, ममता और मिनाक्षी अरोड़ा सहित अन्य लोग मौजूद रहे।
उत्तरकाशी में आयोजित यह प्रतियोगिता युवा खिलाड़ियों के लिए अपनी क्षमता साबित करने का मंच है, जहां रफ्तार, साहस, अनुशासन और आत्मविश्वास के दम पर खिलाड़ी सफलता की ऊंचाइयों को छूने के लिए जुटे हैं।

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