उत्तरकाशी/डुंडा। डिजिटल हाजिरी व्यवस्था और एनएमएमएस (NMMS) ऐप में आ रही तकनीकी दिक्कतों के विरोध में डुंडा विकासखंड के ग्राम प्रधानों ने सोमवार को मोर्चा खोल दिया। ग्राम प्रधान संगठन के बैनर तले दर्जनों ग्राम प्रधानों ने डुंडा ब्लॉक कार्यालय पहुंचकर जोरदार प्रदर्शन किया और विरोध स्वरूप ब्लॉक कार्यालय पर ताला जड़ दिया।
ग्राम प्रधानों का कहना है कि पहाड़ी और दुर्गम क्षेत्रों में मोबाइल नेटवर्क की स्थिति बेहद खराब होने के कारण मनरेगा और वीबी-जी राम जी योजना के तहत संचालित विकास कार्य प्रभावित हो रहे हैं। ऑनलाइन हाजिरी के लिए मजदूरों की मौके पर फोटो अपलोड करना अनिवार्य है, लेकिन नेटवर्क उपलब्ध नहीं होने के कारण निर्धारित समय पर फोटो अपलोड नहीं हो पाती।

ग्राम प्रधान संगठन के अध्यक्ष विनोद पड़ियार ने कहा कि सरकार ने मनरेगा और वीबी-जी राम जी योजना में मजदूरों की ऑनलाइन हाजिरी अनिवार्य कर दी है, लेकिन पहाड़ की भौगोलिक परिस्थितियों और कमजोर नेटवर्क व्यवस्था को देखते हुए यह व्यवस्था व्यवहारिक नहीं है। नेटवर्क नहीं होने के कारण मजदूरों की हाजिरी दर्ज नहीं हो पा रही है, जिससे भुगतान की प्रक्रिया भी प्रभावित हो रही है।
प्रधानों ने कहा कि कई स्थानों पर विकास कार्य पूरा होने के बावजूद मजदूरों को मजदूरी के भुगतान के लिए इंतजार करना पड़ रहा है। उन्होंने सरकार से पहाड़ी क्षेत्रों की परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए डिजिटल हाजिरी व्यवस्था में आवश्यक सुधार करने अथवा ऑफलाइन हाजिरी का विकल्प उपलब्ध कराने की मांग की।
प्रदर्शनकारी ग्राम प्रधानों ने चेतावनी दी कि यदि उनकी समस्या का जल्द स्थायी समाधान नहीं किया गया तो आंदोलन को और व्यापक किया जाएगा। प्रधानों ने कहा कि इसकी जिम्मेदारी शासन-प्रशासन की होगी।
प्रदर्शन के दौरान डुंडा क्षेत्र के ग्राम प्रधान एवं जनप्रतिनिधि मौजूद रहे।

