उत्तरकाशी। रिपोर्ट महावीर सिंह राणा गंगोत्री विधानसभा के गाजणा क्षेत्र के गोरसाड़ा गांव की बेटी दीपिका नौटियाल अपने पिता इंद्रमणि नौटियाल की सुरक्षित देश वापसी के लिए पिछले लंबे समय से संघर्ष कर रही हैं। इंद्रमणि नौटियाल पिछले करीब 9 वर्षों से सऊदी अरब में फंसे हुए हैं और उनकी सुरक्षित वापसी के लिए बड़ी धनराशि की आवश्यकता बताई जा रही है।
इसी मामले को लेकर आज किशोर भट्ट जी गोरसाड़ा गांव में पहुंचकर दीपिका नौटियाल और उनके परिवार से मुलाकात की गई तथा व्यक्तिगत रूप से ₹1 लाख का चेक सहयोग के रूप में सौंपा गया। इस दौरान दीपिका के साहस और अपने पिता को वापस लाने के लिए किए जा रहे संघर्ष को सलाम किया गया। वही किशोर भट्ट गढ़वाल समन्वय मुख्यमंत्री उत्तराखंड सरकार ने कहा है कि इस
प्रकरण के सामने आने के बाद मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के संज्ञान में भी मामला लाया गया। परिवार की आर्थिक स्थिति को देखते हुए मुख्यमंत्री विवेकाधीन कोष से ₹2 लाख की सहायता राशि स्वीकृत की गई है। साथ ही इंद्रमणि नौटियाल की सुरक्षित भारत वापसी के लिए विदेश मंत्रालय के स्तर पर भी हस्तक्षेप का अनुरोध किया गया है।
सबसे बड़ी बात यह है कि अब दीपिका के संघर्ष में क्षेत्र के लोग भी लगातार साथ खड़े हो रहे हैं। अपनी-अपनी क्षमता के अनुसार लोग आर्थिक सहयोग दे रहे हैं। इसी क्रम में किशोर भट्ट ने भी ₹10,0000 की सहयोग राशि देकर परिवार की मदद की है।

इंद्रमणि नौटियाल की घर वापसी के लिए बड़ी धनराशि की आवश्यकता है, लेकिन लोगों का बढ़ता सहयोग यह संदेश दे रहा है कि मुश्किल जरूर बड़ी है, लेकिन सामूहिक प्रयास से असंभव नहीं।
दीपिका नौटियाल जिस हिम्मत और उम्मीद के साथ अपने पिता की वापसी के लिए संघर्ष कर रही हैं, वह पहाड़ की बेटी के साहस और मातृशक्ति की मिसाल है। उनके इस संघर्ष को सलाम।
आप भी अपनी क्षमता के अनुसार इस परिवार की मदद कर सकते हैं। आपका छोटा-सा सहयोग इंद्रमणि नौटियाल को अपने परिवार तक वापस पहुंचाने की मुहिम में बड़ा सहारा बन सकता है।
किशोर भट्ट सहित सहयोग करने वाले सभी लोगों को हार्दिक शुभकामनाएं और साधुवाद।

