गांव-गांव दस्तक, जनता से सीधा संवाद… राजदीप परमार की बढ़ती सक्रियता से गरमाया डुण्डा का सियासी माहौल!

उत्तरकाशी। विकासखंड डुण्डा की सियासत में इन दिनों ब्लॉक प्रमुख राजदीप सिंह परमार की लगातार बढ़ती सक्रियता चर्चा का विषय बनी हुई है। क्षेत्र के गांवों में लगातार पहुंचना, ग्रामीणों से सीधा संवाद करना और स्थानीय समस्याओं को सुनकर उनके समाधान के लिए प्रयास करना—परमार की यह सक्रियता अब महज जनसंपर्क तक सीमित नहीं दिख रही, बल्कि क्षेत्र के सियासी माहौल में भी हलचल पैदा कर रही है।
राजदीप सिंह परमार लगातार गांव-गांव पहुंचकर जनता के बीच अपनी मौजूदगी दर्ज करा रहे हैं। धार्मिक, सांस्कृतिक और सामाजिक आयोजनों में सहभागिता के साथ वे ग्रामीणों से सीधे रूबरू होकर उनकी समस्याओं और अपेक्षाओं को समझने का प्रयास कर रहे हैं। यही वजह है कि क्षेत्र में उनके बढ़ते जनसंपर्क और मजबूत होते जनाधार को लेकर चर्चाओं का दौर तेज है।

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इसी क्रम में ब्लॉक प्रमुख राजदीप सिंह परमार बरसाली पट्टी के सिंगोट गांव पहुंचे, जहां उन्होंने श्री नागराज देवता एवं मां रेणुका देवी के पावन मेले में शामिल होकर विधिवत पूजा-अर्चना की और देव आशीर्वाद प्राप्त किया। उन्होंने क्षेत्रवासियों के सुख, समृद्धि, खुशहाली और उत्तम स्वास्थ्य की कामना की।

मेले में धार्मिक आस्था, ग्रामीणों के बीच राजनीतिक सक्रियता
सिंगोट में मेले के दौरान परमार ने ग्रामीणों से आत्मीय मुलाकात की और गांव तथा क्षेत्र से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर लोगों से बातचीत की। ग्रामीणों के बीच उनकी मौजूदगी और संवाद का सिलसिला इस बात का संकेत देता है कि वे जनता से सीधा संपर्क बनाए रखने की रणनीति पर लगातार आगे बढ़ रहे हैं।
परमार का कहना है कि क्षेत्र की वास्तविक समस्याओं को समझने के लिए गांवों तक पहुंचना जरूरी है। उनकी प्राथमिकता है कि ग्रामीण अपनी समस्याओं को सीधे उनके सामने रखें और उनके समाधान के लिए संबंधित स्तर पर हरसंभव प्रयास किया जाए।
सियासी गलियारों में बढ़ी चर्चा

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राजदीप परमार की लगातार गांवों में सक्रियता ने डुण्डा क्षेत्र के सियासी गलियारों में चर्चाओं को भी हवा दे दी है। हालांकि उनकी ओर से किसी बड़े राजनीतिक दावे की बात सामने नहीं आई है, लेकिन जिस तरह वे लगातार जनता के बीच पहुंच रहे हैं और स्थानीय मुद्दों पर संवाद बढ़ा रहे हैं, उसे उनकी सक्रिय राजनीतिक कार्यशैली के तौर पर देखा जा रहा है।
खास बात यह है कि परमार का फोकस केवल राजनीतिक मंचों तक सीमित रहने के बजाय गांव, ग्रामीण और स्थानीय समस्याओं पर दिखाई दे रहा है। ऐसे में आने वाले समय में उनकी यह बढ़ती सक्रियता क्षेत्र की राजनीति में क्या नया समीकरण तैयार करती है, इस पर लोगों की नजरें टिकी हैं।
सिंगोट मेले में ग्राम प्रधान धर्मेंद्र रावत, क्षेत्र पंचायत सदस्य गणेंद्र सिंह पंवार, नागराजा युवा समिति अध्यक्ष सुशील सिंह पंवार, युवा मंगल दल अध्यक्ष शैलेंद्र सिंह पंवार, महिला मंगल दल अध्यक्ष रमदेई रावत सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण एवं आयोजन समिति के सदस्य मौजूद रहे।
एक तरफ देव आशीर्वाद, दूसरी तरफ जनता का भरोसा—राजदीप परमार की गांव-गांव बढ़ती सक्रियता ने डुण्डा की सियासत में नई चर्चा जरूर छेड़ दी है।

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